Crime Patrol देखकर आया मर्डर का आइडिया, आंटी ने पहले शराब पी, फिर की बच्चे के साथ हैवानियत

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उस्मान चौधरी के साथ चिराग गोठी की रिपोर्ट

Meerut: यूपी के मेरठ में एक सनसनीखेज वारदात हुई। यहां छह साल के बच्चे की निर्मम तरीके से हत्या कर दी गई। इसकी वजह जानकर आप चौंक जाएंगे। आरोपी महिला कोई और नहीं, बल्कि घर की नौकरानी ही निकली। उसने बच्चे को मारने से पहले क्राइम पेट्रोल शो देखा और इसके बाद शराब पी। शराब के नशे में उसने बच्चे का अपहरण किया और फिर उसे मौत के घाट उतार दिया। पुलिस ने इस निर्मम हत्याकांड का खुलासा किया है। इस हत्याकांड में पड़ोस में ही रहने वाली दो और महिलाएं शामिल थीं। दरअसल, 10 हजार रुपए न मिलने पर घर की नौकरानी ने ही अपने पति के साथ मिलकर ये साजिश रची। इतना ही नहीं उसने पुलिस को गुमराह करने की भी कोशिश की, पर आखिरकार वो पकड़ी गई। इस हत्याकांड में कुल तीन महिलाएं और एक महिला का पति शामिल था। 

क्राइम पेट्रोल देखकर की मर्डर की प्लानिंग

ये वाकया इंचौली के धनपुर गांव में हुआ। यहां जयभगवान यादव अपने परिवार के साथ रहते हैं। वह रिटायर्ड शिक्षक और पूर्व प्रधान भी रह चुके हैं। उनका छोटा बेटा गोपाल यादव यूपी पुलिस में सिपाही है। वह अभी सहारनपुर में पोस्टेड है। गोपाल अपनी पत्नी सुप्रभा और दोनों बच्चों के साथ गंगानगर में रह रहा था। गर्मी की छुट्‌टी में 10 दिन पहले गोपाल के बच्चे धनपुर यानी दादा-दादी के घर आए थे। घटना रविवार सुबह 8 बजे के आसपास हुई। गोपाल का छह साल का बेटा पुनीत घर के बाहर खेल रहा था। वो अचानक गायब हो गया। परिवार वालों ने पहले आसपास तलाशा लेकिन उसका कुछ भी पता नहीं चला। कई घंटे बीत गए। तभी घर में काम करने वाली नौकरानी सुमन एक चिट्‌ठी लेकर जयभगवान के घर पहुंची। सुमन ने बताया कि यह चिट्‌ठी उसे घर के गेट पर पड़ी मिली थी। ये चिट्ठी अपहरणकर्ताओं ने लिखी थी जिसके जरिये पुनीत को छोड़ने के लिये 50 लाख की फिरौती मांगी गई थी। घरवालों ने इसकी जानकारी तुरंत पुलिस को दी। पुलिस ने जांच शुरू की और सबसे पहले सुमन और उसके पति सुंदर से पूछताछ की।

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10 हजार रुपए के लिए हत्या या वजह कुछ और?

पूछताछ के दौरान पुलिस को उन पर शक हुआ। जब उनसे सख्ती से पूछताछ हुई तो दोनों ने अपना जुर्म कुबूल कर लिया। सुमन ने खुलासा किया कि उसने शनिवार को पुनीत के दादा जय भगवान से 10 हजार रुपये उधार मांगे थे। उन्होंने पैसे देने से इंकार कर दिया था। उसी समय जयभगवान से कोई अन्य व्यक्ति भी पैसा मांगने आ गया। उसे उन्होंने पैसे दे दिए। ये बात सुमन के दिल पर लग गई। इसी वजह से उसने जय भगवान को सबक सिखाने के लिए ऐसा किया। प्लान के मुताबिक, शनिवार सुबह सुमन ने जयभगवान के घर के बाहर खेलते हुए पुनीत का अपहरण कर लिया। उसका वक्त उसका पति भी उसके साथ था। दोनों पुनीत को घर से करीब 500 मीटर दूर कर्मवीर के खेत पर ले गये। यहां उन्होंने पुनीत के हाथ-पैर बांध दिए। बच्चा चिल्लाने लगा तो उसे चुप कराने के लिये उसके मुंह में गन्ने का टुकड़ा ठूंस दिया जिसके बाद दम घुटने से पुनीत की मौत हो गई। इसके बाद सुमन ने जयभगवान के घर पहुंच कर फिरौती की चिट्‌ठी वाला नाटक रचा। आरोपियों की निशानदेही पर लाश बरामद कर ली गई। इस हत्याकांड में दो और महिलाओं का रोल सामने आया है जिन्हें पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। 

सुमन ने खुद ही लिखी थी फिरौती वाली चिट्ठी

सुमन पिछले 18 सालों से जयभगवान और उनके परिवार के यहां काम करती थी। उधर, परिजनों का आरोप है कि उनका गांव के रहने वाले रिश्तेदार से जमीन का विवाद चल रहा था। इसी रंजिश में दूसरे पक्ष ने सुमन और सुंदर को पैसे देकर ये घटना करवाई। जांच के दौरान पुलिस ने सुमन की हैंडराइटिंग का मिलान फिरौती वाली चिट्‌ठी से कराया। दोनों की लिखावट मेल खाती हैं जिसकी पुष्टी फॉरेंसिक टीम ने भी की है। सुमन ने भी पुलिस की पूछताछ में माना कि उसने खुद ही यह चिट्‌ठी लिखी थी।

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परिवार का दावा कि जमीनी विवाद को लेकर हुई हत्या

सोमवार को दिनभर चली पूछताछ में सुमन ने कुबूल किया कि उसने योजना के चलते रस्सी भी घर में रख ली थी। पुनीत के पिता ने बेटे की हत्या में चचेरे भाई मनोज को भी नामजद किया गया है। पुनीत की मां सुप्रभा की रविवार को तबीयत बिगड़ने के कारण शव को पोस्टमार्टम के बाद रात को धनपुर गांव में नहीं ले जाया गया था। शव को गंगानगर में रखा गया। सोमवार सुबह शव गांव पहुंचा तो कोहराम मच गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। इस दौरान सैकड़ों ग्रामीणों की आंखें नम रहीं। परिजनों ने बताया कि पुनीत की मौसी से एक दिन पहले ही फोन पर बात हुई थी। पुनीत ने कहा था कि वह बहन के साथ उनके घर आएगा। पुनीत की मौसी रोते हुए बार-बार यही कह रही थी कि काश में पहले ही उसे अपने पास बुला लेती तो यह दिन देखना न पड़ता। 

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क्या बोली मेरठ पुलिस?

थाना इंचौली के अंर्तगत पुलिस को गांव धनपुर से 10:30 बजे सूचना प्राप्त हुई थी कि एक बच्चा उम्र 6 वर्ष खेलते-खेलते गायब हो गया है। पुलिस मौके पर पहुंची तो परिवार द्वारा पड़ोसी महिलाओं पर शक जताया गया। पुलिस द्वारा पड़ोसी महिलाओं से पूछताछ की गई तो उनके द्वारा बताया गया कि उनके द्वारा बच्चे की हत्या कर दी गई है। आरोपी के घर की तलाशी लेने पर एक पत्र मिला मिला, जिसमें 50 लाख रूपये मांगने की बात लिखी हुई थी।

वादी पक्ष का कहना है कि उनके परिवार के किसी व्यक्ति के कहने पर पैसे के लालच में जमीन के विवाद में आरोपियों द्वारा हत्या की गई है। पुलिस की हिरासत में तीन महिलाएं और एक महिला का पति है। महिलाओं द्वारा हत्या की बात स्वीकार की गई है। दोनों पक्ष पड़ोसी हैं। प्राथमिक पूछताछ में पता चला है कि बच्चे की हत्या इसलिये की गई क्योंकि उसके परिवार ने आरोपियों द्वारा मांगे गये दस हजार रूपये देने से इंकार कर दिया गया था। फिरौती की बात ध्यान भटकाने के लिए पत्र में लिखी गई है। फिरौती का पत्र आरोपी के पास से ही मिला है।
 

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