जिम में ट्रेडमिल करते 19 साल के युवक को ऐसे आया हार्ट अटैक, 6 सेकेंड में हुई मौत, VIDEO देख अलर्ट हो जाएं

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Ghaziabad Gym heart attack Video : गाजियाबाद की जिम में 19 साल के लड़के को आया हार्ट अटैक. देखें वीडियो में कैसे 6 सेकेंड में हुई मौत.

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Gym Heart Attack Video : दिल्ली से सटे गाजियाबाद में जिम करते हुए महज 19 साल के लड़के की हार्ट अटैक से मौत हो गई. ये लड़का जिम में ट्रेडमिल पर रनिंग कर रहा था. आप वीडियो में देख सकते हैं कि कैसे रनिंग करते हुए अचानक उसके कदम धीमे होने लगते हैं. फिर वो कदम अचानक पूरी तरह से वो थम जाते हैं और लड़का बेहोश हो जाता है. महज 6 सेकेंड के भीतर ही ट्रेडमिल पर रनिंग कर रहे इस युवक की मौत हो जाती है. ये देखकर जिम कर रहे दो लड़के तुरंत दौड़ते हुए आते हैं. उसे उठाकर पास के अस्पताल ले जाते हैं. लेकिन तब तक मौत हो चुकी थी. ये सीसीटीवी फुटेज 16 सितंबर की दोपहर करीब 12 बजे का है. ये जिम गाजियाबाद की खोड़ा कॉलोनी के बाबा जिम का है. जिस 19 साल के लड़के की मौत हुई उनकी पहचान सिद्धार्थ के रूप में हुई. 

जिम में रनिंग करते हुए 6 सेकेंड में 19 साल के युवक की हुई मौत

हार्ट अटैक कैसे होता है और कैसे बचें

क्या है कार्डियक अरेस्ट ? ( What is Cardiac arrest?)

कार्डियक अरेस्ट का मतलब है - एक ऐसी स्थिति जिसमें आपका हार्ट काम करना बंद कर दे। इससे इंसान को अचानक सांस लेने में मुश्किल होने लग जाती है और बेहोशी छाने लगती है। कार्डियक अरेस्ट में अगर तुरंत मेडिकल ट्रीटमेंट नहीं दिया जाए तो यह जानलेवा बन जाता है।

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किस वजह से होता है कार्डियक अरेस्ट ? (Cardiac arrest Cause)

कार्डियक अरेस्ट आने की वजह से एरिथमिया होता है। एरिथमिया का मतलब है - जब दिल की धड़कनें अनियमित हो जाती हैं तो उस स्थिति को एरिथमिया कहा जाता है। इसे दिल की नाड़ियों में ब्लाकेज हो जाना, जिसे मेडिकल की भाषा में प्लेक्स भी कहते है। इस वजह से दिल में खून का दौरा कम हो जाता है या बंद हो जाता है और कार्डियक अरेस्ट आ जाता है।

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हार्ट अटैक : सांकेतिक फोटो

कार्डियक अरेस्ट के लक्षण क्या है ? (What are the symptoms of cardiac arrest?)

इसके तमाम लक्षण है, जैसे सांस लेने में दिक्कत होना, सीने में भारीपन होना, बायें हाथ/कंधे में जबरदस्त दर्द होना, सीढियां चलते वक्त सांस का फूलना, अक्सर सिर भारी रहना और उल्टी जैसा फील होना, चक्कर आना समेत कई लक्षण है।

कार्डियक अरेस्ट की क्या वजहें है ? What are the causes of cardiac arrest?

Exercise नहीं करना, समय से खाना न खाना, पूरी नींद न लेना, चिंता करना, देर रात तक जागना, पोष्ठिक आहार न लेना, जैसी तमाम वजहें है, जिससे हार्ट अटैक या कार्डियक अरेस्ट आता है।

कैसे बचा जाए कार्डियक अरेस्ट से ? ( How to stop Cardiac arrest ?)

इसके लिए नियमित समय से आहार लेना जरूरी है। समय से सोए और सुबह उठकर वाक करे, रात के भोजन के बाद भी वाक करे, समय समय गर्म पानी का सेवन करे, छोटे-छोटे अंतराल पर बाडी चेकअप कराए, ब्लड टेस्ट इत्यादि करवाना जरूरी है। इसके साथ साथ ये भी जरूरी कि आप Exercise करे, लेकिन ज्यादा नहीं, एक सीमा में रह कर ही एक्सरसाइज करे। अगर हो सके तो ट्रेनर की देखरेख में Exercise करे।

शराब ज्यादा न पिए

शराब पीना और बहुत ज्यादा पीना, दोनों में काफी अंतर है। अगर कोई इंसान हर रोज एक सीमित मात्रा में शराब पीता है तो शायद उसके दिल को कम ही नुकसान पहुंचे लेकिन अगर कोई इंसान ज्यादा शराब का सेवन कर रहा है तो वह उसके हार्ट के लिए काफी नुकसान दायक हो जाती है।अधिक शराब में खून में कई तरह के फैट स्तर को बढ़ा देती है, साथ ही ज्यादा शराब पीने से ब्लड प्रेशर भी बढ़ता है।

सिगरेट पीने वालों से दूर रहें

सिगरेट भी आपके दिल के लिए बहुत ज्यादा हानिकारक है। अगर आप सिगरेट नहीं पीते हैं तो पीने वाले लोगों से भी कम से कम उस समय दूर रहिए, जब वो सिगरेट पी रहे हों।

परिवार में किसी और को तो हार्ट की बीमारी नहीं है !

परिवार से जुड़ा दिल की बीमारी का इतिहास भी आपके हार्ट के लिए खतरनाक हो सकता है, इसलिए डॉक्टर को हमेशा यह जरूर बता देना चाहिए कि आपके परिवार में किसी को दिल की बीमारी है या किसी की कार्डियक अरेस्ट से ही अचानक मौत हुई हो।

कार्डियक अरेस्ट से कितना अलग हार्ट अटैक ?(Difference between heart attack and cardiac arrest?)

कार्डियक अरेस्ट में दिल काम करना बंद कर देता है और इंसान को तुंरत मेडिकल सहायता की जरूरत होती है। वहीं, हार्ट अटैक एक सर्कुलेशन डिसऑर्डर है, इंसान को उस समय हार्ट अटैक आता है, जब दिल को खून पहुंचाने वाले सिस्टम में रुकावट आने लगती है।

अगर दर्द अचानक उठ जाए तो क्या करे ? What to do if the pain suddenly arises?

तुरंत पास के क्लीनिक या डाक्टर से संपर्क करे। सीने के दर्द और बेचैनी को बिल्कुल भी नजरअंदाज न करे। यानी आपको अगर हल्का सा भी दर्द हो रहा है तो ये मत सोचिए कि ये गैस इत्यादि का दर्द है। खुद की दवा खाने से बचे। अगर किसी को कार्डियक अरेस्ट आता है तो उसे तुरंत सीपीआर (Cardiopulmonary resuscitation) देकर भी बचाया जा सकता है।

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