Joker जैसे दिखने वाले ने की कंपनी के MD और CEO की हत्या, तलवार लेकर ऑफिस में घुसा

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Murder Mystery Vardaat: बेंगलुरु के दफ्तर में 10 लोग काम कर रहे होते हैं और फिर तीन लोग आते हैं और कंपनी के MD और CEO का कत्ल कर देते हैं.

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Murder Mystery Vardaat: मशहूर अमेरिकी सीरीज बैटमैन के एक किरदार जोकर की तरह तैयार हो कर बेंगलुरु का एक नौजवान सोशल मीडिया पर 3 जुलाई को एक रील पोस्ट करता है... पोस्ट में वो अजीब से गेटअप में नजर आता है... उसका चेहरा सफेद है... आंखों के इर्द-गिर्द काला रंग है और लाल रंग की शक्ल में मुंह से खून टपक रहा है... रील में वो 'कोलावेरी डी' गाने के साथ अजीबोगरीब भाव भंगिमाएं बनाता दिखता है... नौ दिन बाद यही जोकर इंस्टाग्राम पर एक और पोस्ट डालता है... ये वही पोस्ट है... इस पोस्ट में वो लिखता है,

इस ग्रह के लोग हमेशा चापलूस और धोखेबाज़ होते हैं.. इसलिए मैंने इस ग्रह के लोगों को चोट पहुंचाई है.. मैं केवल बुरे लोगों को चोट पहुँचाता हूँ.. मैंने कभी किसी अच्छे लोगों को ठेस नहीं पहुंचाई..''

Bengaluru Murder: इतना ही नहीं इस पोस्ट के साथ-साथ वो एक न्यूज क्लिप भी लगाता है... उस न्यूज क्लिप में शहर में हुए दो लोगों के कत्ल की खबर थी... कमाल देखिए कि कुछ देर पहले उन दो लोगों का कत्ल किसी और नहीं खुद इसी जोकर ने किया था... यानी खुद कत्ल किया और फिर खुद ही कत्ल का ऐलान किया और कत्ल की खबर भी पोस्ट कर दी...आईटी सिटी बेंगलुरु को दहला देनेवाले डबल मर्डर का कनेक्शन सीधे मशहूर अमरिकी कॉमिक सीरीज बैटमैन से जाकर जुड जाएगा, ये किसी ने भी नहीं सोचा था... लेकिन जब पुलिस ने शहर की एक आईटी कंपनी में हुए डबल मर्डर के मामले की तफ्तीश शुरू की, तो कातिल के तौर पर जिस शख्स का चेहरा पुलिस के सामने आया, उसकी हकीकत जान कर खुद वर्दीवाले भी चौंक गए... ये शख्स डिटेक्टिव कॉमिक्स के बैटमैन सीरीज के एक किरदार जोकर से कुछ इस कदर प्रभावित था कि उसने अपना नाम ही जोकर फेलिक्स रख लिया था... और किस्से कहानियों का ये खूनी जोकर एक रोज सचमुच का खूनी जोकर बन गया... उसने एक आईटी कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्ट और सीईओ की तेजधार हथियारों से वार कर हत्या कर दी...

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लेकिन आखिर इस जोकर ने क्यों किया दो-दो लोगों का क़त्ल? सोशल मीडिया में पोस्ट किए गए इन रील्स के साथ शहर में हुए दोहरे कत्ल का क्या कनेक्शन था? क्या ये सिर्फ कोई दिमाग़ी फितूर था? या फिर इस कत्ल के पीछे कोई गहरी और भयानक साज़िश छुपी है? तो इन तमाम सवालों का जवाब जानने के लिए सबसे पहले आपको बेंगलुरु में हुए दोहरे क़त्ल की वारदात को जानना और समझना जरूरी है...

Joker Murdered MD CEO: बेंगलुरु का अमृताहल्ली इलाका.. और इसी अमृताहल्ली के पंपा एक्सटेंशन में मौजूद इंटरनेट सर्विस पोवाइडर कंपनी एयरोनिक्स मीडिया पाइवेट लिमिटेड का ये दफ्तर.. मंगलवार की दोपहर करीब साढे तीन बजे एयरोनिक्स मीडिया पाइवेट लिमिटेड के इस ऑफिस में काम के सिलसिले में कुछ लोग दाखिल होते हैं... वो सीधे कंपनी के सुप्रीम बॉस यानी एमडी सुब्रह्मण्यम फनींद्र के चेंबर में पहुंचते हैं... उनके साथ करीब 20 मिनट तक मीटिंग करते हैं... और मीटिंग खत्म होते-होते कंपनी में आए ये गेस्ट अचानक सुब्रह्मण्यम फनींद्र पर दाव, चाकू और तलवार जैसे घातक हथियारों से हमला बोल देते हैं...

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तेजधार हथियारों के हमले से बुरी तरह जख्मी हो रहे सुब्रह्मण्यम फनींद्र अब जोर-जोर से चीखने लगते हैं... वो अपने सहकर्मियों को चिल्ला कर अपनी मदद के लिए बुलाते हैं... उनकी चीख सुन कर बगल के चेंबर में बैठे कंपनी से चीफ ऑपरेटिंग ऑफिसर यानी सीईओ वीनु कुमार उनकी मदद के लिए दौडे आते हैं और फनींद्र के चेंबर का मंजर देख कर घबरा जाते हैं... हालांकि वो हिम्मत नहीं हारते और फनींद्र पर हमला कर रहे किरदारों को रोकने की कोशिश करते हैं... लेकिन तब तक अगला नंबर उन्हीं का आ जाता है... अब तीनों फनींद्र को तड़पता हुआ छोड कर वीनु कुमार की तरफ लपकते हैं और फिर उनका भी वही हश्र करते हैं, जो हाल उन्होंने फनींद्र कुमार का किया है... चाकू और तलवार जैसे खतरनाक और धारदार हथियारों के हमले से अब वीनु कुमार की हालत खराब हो जाती है... वो भी चिल्लाने लगते हैं और बेहोश हो कर जमीन पर गिर पड़ते हैं... तब तक एमडी के चेंबर से आता शोर शराबा सुन कर कंपनी में काम कर रहे करीब दस एम्पलाइज चेंबर की तरफ भाग कर आते हैं... लेकिन खून से सने हथियार लहराते हुए हमलावर सारे कर्मचारियों को दूर रहने की हिदायत देते हैं और फिर आराम से दफ्तर से निकल कर फरार हो जाते हैं...

Crime Full Story: आनन-फानन में कंपनी के कर्मचारी अब अपने दोनों टॉप बॉसेज़ को उठा कर किसी तरह अस्पताल ले जाते हैं... लेकिन तलवार, चाकू और दाव के वार इतने गहरे और घातक हैं कि उनकी जान नहीं बचाई जा सकती... अस्पताल में डॉक्टर कुछ देर बाद ही दोनों को मुर्दा करार दे देते हैं... आईटी सिटी बेंगलुरु में हुई इस भयानक वारदात की खबर सिर्फ बेंगलुरु ही नहीं पूरे देश में जंगल में आग की तरह फैल जाती है... और इसी के साथ वारदात और उसके पीछे की वजहों को लेकर चर्चाओं का बाजार गर्म हो जाता है...

आनन-फानन में बेंगलुरु की पुलिस मौका ए वारदात पर पहुंचती है और मामले की जांच शुरू कर दी जाती है... हालांकि इस वारदात को अंजाम देनेवाला ये किरदार यानी जोकर फेलिक्स जितना रहस्यमयी है, वारदात के पीछे की साजिश उतनी पेचीदा नहीं... क्योंकि एयरोनिक्स मीडिया पाइवेट लिमिटेड के कर्मचारी और दफ्तर में हुए दोहरे कत्ल के चश्मदीद आसानी से कातिल को पहचान लेते हैं... और पुलिस को उसकी जानकारी दे देते हैं... ये कातिल कोई और नहीं बल्कि इसी कंपनी में काम कर चुका एक पूर्व कर्मचारी शबरिश उर्फ जोकर फेलिक्स है, जिसने अपने दो और साथियों के साथ मिल कर इस वारदात को अंजाम दिया था...

छानबीन में पुलिस को पता चलता है कि शबरिश और उसके साथी दफ्तर में बाइक पर सवार हो कर पहुंचे थे और कंपनी के एमडी से बात करना चाहते थे... तीनों सीधे उनके कमरे में पहुंचे और उनसे लंबी बातचीत भी की... लेकिन मीटिंग का अंत खून खराबे से हुआ... एक के बाद एक कंपनी के दो सबसे बडे अफसरों को मौत के घाट उतारने के बाद कातिल जोकर और उसके साथी आराम से बाइक पर बैठकर मौके से फरार हो गए... जोकर फेलिक्स के बारे में सारी जानकारी जुटाने के साथ ही अब पुलिस उसकी और उसके साथियों की तलाश शुरू कर देती है... चूंकि वो सोशल मीडिया पर काफी एक्टिव है, पुलिस को भी उसकी तस्वीरों हासिल करने में कोई दिक्कत नहीं होती और बडे आराम से शबरिश की तस्वीरों के सहारे उसे ढूंढने लगती है... शबरिश का सोशल मीडिया पोफाइल भी शहर के अलग-अलग पुलिस थानों में सर्कुलेट कर दिया जाता है... हालांकि इतना सबकुछ होने के बावजूद कई घंटे तक पुलिस को उसका कुछ पता नहीं चलता... उधर इतनी भयानक वारदात को अंजाम देने के बाद भी शबरिश उर्फ जोकर फेलिक्स सोशल मीडिया पर ना सिर्फ एक्टिव नजर आता है, बल्कि एक के बाद एक कई रील्स और पोस्ट्स डालता है...

अब तक आईटी कंपनी में हुए दोहरे कत्ल की ये वारदात बेंगलुरु की लोकल मीडिया में सुर्खियां बन कर तैरने लगती हैं... हद तो ये है कि कातिल को इसके बावजूद अपने पकडे जाने का डर नहीं लगता और वो उल्टा दोहरे कत्ल की इस खबर को मकतूल और कातिल यानी मारे गए एमडी फनींद्र सुब्रह्मण्यम और खुद अपनी तस्वीर के साथ सोशल मीडिया पर शेयर भी कर देता है... मानों खुद ही कत्ल करने के बाद उसका ऐलान कर रहा हो…इसी बीच वो सोशल मीडिया पर अपनी एक स्टाइलिश पिक्चर के साथ वो लाइनें लिखता हैं, जिन्हें पढ़ कर लगता है कि वो अपनी करतूत को सही ठहरा रहा हो... उसकी ये पोस्ट कहती है.

Vardaat Full Story: शबरिश उर्फ जोकर फेलिक्स की ये पोस्ट और उसकी करतूत ये इशारा करती है कि वो कंपनी के एमडी और सीईओ से सख्त नफरत करता था... पुलिस की तफ्तीश में ये पता चला कि कंपनी में हुए कुछ मतभेदों के बाद उसने कंपनी छोड़ दी थी और इसके साथ खुद ही अपना काम शुरू कर लिया था... लेकिन चूंकि उसकी और उसकी पूर्व कंपनी यानी एयरोनिक्स मीडिया लिमिटेड के हित एक दूसरे टकराते थे, वो एमडी फनींद्र सुब्रह्मण्यम और सीईओ वीनु कुमार को अपना दुश्मन मानने लगा था... आखिरकार पुलिस इस सिलसिले में कई घंटों की मशक्कत के बाद शबरिश उर्फ जोकर फेलिक्स, उसके साथ विनय रेड्डी और संतोष उर्फ सांतु को गिरफ्तार करने में कामयाब हो जाती है.

लेकिन इनकी गिरफ्तारी के साथ ही जब तफ्तीश आगे बढती है, तो कहानी में एक नया ट्विस्ट आ जाता है... पता चलता है कि ये इस हमले के पीछे सिर्फ यही तीन लोग नहीं बल्कि एक और भी शख्स था, जिसने इन तीनों को इस कत्ल और हमले की सुपारी दी थी... अब पुलिस इन तीनों की निशानदेही पर एक और ब्रॉडबैंड कंपनी जी-नेट ब्रॉडबैंड के मालिक अरुण कुमार आज़ाद को बेंगलुरु के ही कैंपेगौड़ा इंटरनेशनल एयरपोर्ट से गिरफ्तार कर लेती है... पुलिस सूत्रों की मानें तो ये शख्स मंगलवार और बुधवार की दरम्यानी रात को फ्लाइट लेकर दिल्ली से बेंगलुरु पहुंचा था... लेकिन इससे पहले कि वो एयरपोर्ट से बाहर निकलता, पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया... अब तक की तफ्तीश के मुताबिक उसी ने शबरिश उर्फ जोकर फेलिक्स और उसके साथियों को बिजनेस राइवलरी के चलते इस कत्ल की सुपारी दी थी... सुपारी सिर्फ कंपनी के एमडी फनींद्र सुब्रह्मण्यम के कत्ल की दी गई थी... लेकिन चूंकि कंपनी के सीईओ वीनु कुमार ने कातिलों को रोकने और एमडी को बचाने की कोशिश की, कातिलों ने उसकी भी जान ले ली...

अब बात करते हैं एक और ऐसे कत्ल की जिसमें फिर एक लड़की की लाश टुकड़ों में बंटी मिली है...

Delhi Murder Mystery: दिल्ली के महरौली इलाके में अपने लिव इन पार्टनर आफताब के हाथों मारी गई श्रद्धा की कहानी को अभी ज्यादा दिन नहीं हुए... वही श्रद्धा जिसकी लाश को आफताब ने कम से कम 35 टुकड़ों में काट कर ठिकाने लगाया था... आज फिर से दिल्ली में एक ऐसी वारदात हुई, जिसने लोगों को एक बार फिर श्रद्धा मर्डर केस की याद दिला दी...पूर्वी दिल्ली के गीता कॉलोनी फ्लाई ओवर के नीचे एक लड़की की टुकड़ों में बंटी लाश बरामद हुई... लाश के ये टुकड़े अलग-अलग पॉलिथीन के पैकेट्स में पैक कर फेंके गए थे... दिल्ली पुलिस को सुबह करीब नौ बजे लाश के इन टुकड़ों के बारे में इत्तिला मिली... फोन करनेवाले ने बताया कि उसे फ्लाई ओवर के नीचे यमुना नदी के किनारे जंगल में एक ऐसा प्लास्टिक के पैकेट नजर आ रहे है, जो संदिग्ध है... इस फोन कॉल पर पुलिस मौके पर पहुंची और उसने जैसे ही प्लास्टिक का पैकेट खोला, अंदर एक इंसान का कटा हुआ सिर मिला... ये सिर पुरानी होने की वजह से पूरी तरह सड़ चुकी थी और इसकी पहचान कर पाना भी मुमकिन नहीं था... लेकिन सिर के साथ मौजूद लंबे बालों को देख कर ये साफ था कि ये सिर किसी लड़की का ही होगा...

अब जब जंगल से कटा हुआ सिर मिला, तो फिर आगे की तफ्तीश भी जरूरी थी... ऐसे में पुलिस ने जंगल में तलाशी अभियान की शुरुआत कर दी... पैदल ही जंगल छानने के साथ-साथ ड्रोन की मदद से भी जंगल को देखने की कोशिश शुरू की गई... इस कोशिश में पुलिस को कामयाबी भी मिली और इसी जंगल से पुलिस को प्लास्टिक का एक दूसरा पैकेट मिला... जिसे खोलने पर उसमें छोटे छोटे कई और पैकेट्स मिले और इनमें भी मानव शरीर के टुकड़े थे... पुलिस को शक है कि ये सारे के सारे टुकडे एक ही इंसान के हैं, जिसकी हत्या के बाद कातिल ने उसके टुकडे कर उसे ठिकाने लगा दिया था...

पुलिस ने पॉलिथीन में पैक लाश के टुकडे तो बरामद कर लिए हैं, लेकिन चूंकि इन टुकडों के साथ ऐसी कोई भी चीज नहीं है, जिससे लाश की पहचान हो सके, पुलिस के इस मामले की तफ्तीश को आगे बढाना एक नई और बडी चुनौती है... फिलहाल पुलिस मारी गई लडकी की पहचान पता करने की कोशिश में जुटी है.. पुलिस ने बरामद टुकडों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है... लेकिन जिस तरह से इस लड़की हत्या की गई है, वो वो श्रद्धा मर्डर केस से जरूर मिलता जुलता है...

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